Author: Café Team

Homoeopathy में श्योर शॉट इलाज का रहस्य इन 7 सवालों के जवाब में है

अगर आपने होम्योपैथी से अपनी तकलीफ का इलाज का फैसला कर चुके हैं तो डॉक्टर के यहां जाने से पहले कुछ सवालों के जवाब तैयार कर लें. अगर आपको लगता है कि कुछ बातें भूल सकती हैं तो अच्छा होगा पहले से ही उन्हें कहीं नोट कर लें.

FAQ – 010 : आसान प्रसव के लिए होम्योपैथी में कोई दवा है क्या?

+ Biocomb No. 26 – ये Biochemic दवा है जिसे कई कई दवाओं के मिश्रण से तैयार किया जाता है. किसी भी अच्छी कंपनी की दवा ली जा सकती है.

FAQ – 012 : अगर पूरे शरीर में जगह जगह गांठ हो गई हो तो कौन सी दवा लेनी चाहिए?

Conium Maculatum – Symptoms के अनुसार इसे मुख्य दवा के तौर पर लिया जा सकता है. ऐसे मामलों में अक्सर इसे हायर पोटेंस में लेने की सलाह दी जाती है.

ये 3 दवाएं प्रसव की प्रक्रिया आसान बना सकती हैं

आजकल सीजेरियन का प्रचलन कुछ ज्यादा ही बढ़ा हुआ है, लेकिन कोई भी उसके बारे में तभी सोचता है जब कोई उपाय न बचा हो. हर कोई चाहता है कि Normal Delivery हो – और जच्चा बच्चा दोनों जल्द से जल्द हंसते मुस्कुराते घर लौट जाएं.इसके लिए एक्सपर्ट कुछ खास तरह के व्यायाम की भी […]

ऐसे करें अपने लिए एक अच्छे होम्योपैथिक डॉक्टर की तलाश

सबसे पहले तो ये सुनिश्चित कर लें कि आपका होम्योपैथ रजिस्टर्ड मेडिकल प्रैक्टिशनर जरूर हो. ऐसी ही कुछ और भी बातें हैं जो आपके काम आ सकती हैं.

FAQ – 011 : दाद-खाज-खुजली से परेशान होने पर कौन सी होम्योपैथिक दवा लेनी चाहिए?

Tellurium – रिंग वर्म के ज्यादातर मामलों में दी जाने वाली ये पहली दवा होती है. रोग शरीर के किसी भी हिस्से में हो इसका ठीक असर होता है.

आंखों की बिलनी से निजात दिलानेवाली ये हैं तीन दवाएं

आंखों की बिलनी से राहत के लिए ये दवाएं काफी उपयोगी हैं, जिन्हें डॉक्टर की सलाह से लिया जा सकता है.

FAQ – 014 : होम्योपैथिक दवाएं कुछ खाने के बाद लेनी चाहिए या बिलकुल खाली पेट?

Sulphur जैसी कुछ दवाएं हैं जिन्हें खाली पेट तो लेना ही चाहिए लेकिन सूर्योदय के बाद ही. सूर्यास्त के बाद ये दवा न लेने की सलाह दी गई है.

केस स्टडी: जल जाने पर इलाज के लिए Urtica Urens से बेहतर कोई दवा नहीं

होम्योपैथी में जल जाने की स्थिति में बेहतरीन इलाज है. बस, आपको करना ये है कि आप अपने डॉक्टर के संपर्क में रहें और उसकी सलाह से चलें. यहां हम एक केस स्टडी दे रहे हैं जिससे समझ आता है कि किस तरह होम्योपैथिक दवा और डॉक्टर की मदद से बड़ी मुसीबत टाली जा सकती है.
हादसा ऐसे हुआ.

अल्सर के इलाज के लिए ये 2 दवाएं और थोड़ा एहतियात बरतें तो जल्द आराम मिलेगा

बार बार डकार आना गैस की मामूली समस्या लगती है, लेकिन ये पेट के अल्सर का भी शुरुआती लक्षण हो सकता है. पेट में अक्सर दर्द और जलन होना और कुछ भी गर्म पीने पर परेशानी बढ़े, फिर तो समझ लेना चाहिये कि अब लापरवाही नहीं चलने वाली. ऐसी तकलीफ होने पर बगैर वक्त गवांए […]

सफेद दाग से छुटकारा पाना थोड़ा मुश्किल जरूर है, मगर नामुमकिन तो नहीं

साथ में, Psoralea Corylifolia Q लेना होता है. इसे 20-20 बूंद दिन में चार बार लेना चाहिये.
दवा के साथ धैर्य की बहुत जरूरत होती है क्योंकि इलाज लंबा चलना है और जल्दी असर भी समझ नहीं आता. हां, गौर करने वाली एक बात है कि इलाज शुरू होने के कुछ दिन बाद सफेद जगह के बीच त्वाचा के रंग के डॉट्स दिखने लगते हैं. ये दवा के असर के सबूत हैं.

आखिर किसी बीमारी की होम्योपैथिक दवा बताना मुश्किल क्यों है – ये हैं 7 कारण

आपने ध्यान दिया होगा, होम्योपैथिक डॉक्टर मरीजों से इसी तरह के सवाल पूछते हैं – उसकी वजह भी यही सब होती है. सही दवा फाइनल करने से पहले उन्हें ऐसे सवालों के जवाब चाहिये होते हैं. एक बार सही दवा सेलेक्ट हो गयी फिर तो फौरन फायदा होगा. फिर कभी कोई आपसे ये कहे कि होम्योपैथिक दवा जल्दी सुनती नहीं तो आप दावे के साथ उससे कह सकेंगे कि ऐसी धारणा बिलकुल गलत है.

हैनिमन कैफे पर लोगों के ज्यादातर सवालों के जवाब दिये जाते हैं, मगर सभी क्यों नहीं

दवा कैसे लेनी चाहिये, परहेज क्या करने चाहिये, एलोपैथिक दवाओं के साथ होम्योपैथी की दवाएं लेना ठीक है या नहीं – हम ऐसे ही सवालों के जवाब तलाशते और आप सभी से शेयर करते रहे.
वो महोदय एक दिन किसी बीमारी के बारे में पूछे और उसका इलाज बताने का आग्रह भी किये. हमारी कोशिश तो यही रहती कि किसी को निराश न होना पड़े. हमारे पास लोगों के ढेरों सवाल आते, फिर हम उनके जवाब जरूर देते जिन्हें एक साथ कई लोगों ने पूछा होता.